शरणार्थियों के लिए संयुक्त राष्ट्र के उच्चायुक्त (यूएनएचसीआर) ने यह जानकारी दी।
छह माह पहले ही दर्जन भर आव्रजकों के साथ ने जिंदगी बचाने के लिए तैराकी की थी। वह एक रबड़ की नाव में ग्रीस के लिए रवाना हुईं थीं। नाव पलट गई। 18 वर्षीय मार्दिनी ने डूबने से बचने के लिए तैरने की कोशिश की।वह डूबते-डूबते बचीं और उन्हें पूर्व ब्रिटिश सैन्य शिविर में शरण मिली है।
मिस्र के दुभाषिया ने उनका संपर्क स्थानीय तैराकी क्लब और उनके कोच स्वेन स्पानेक्रेब्स से कराया।
मार्दिनी के पास अब ‘टीम रिफ्यूजी’ के तहत ओलंपिक खेलों में हिस्सा लेने और अपना भाग्य बदलने का अवसर है।
रियो में अंतर्राष्ट्रीय ओलम्पिक समिति द्वारा चुनी गई शरणार्थियों की 43 सदस्यीय टीम में मार्दिनी भी शामिल हैं। इनमें से केवल 10 एथलीट को ब्राजील में प्रतियोगिता में हिस्सा लेने का मौका मिलेगा, जिसके लिए 18 वर्षीय किशोरी जी-तोड़ मेहनत कर रही हैं।
मार्दिनी ने कहा, “मेरे पास 200 मीटर की ‘फ्रीस्टाइल’ प्रतियोगिता में बेहतरीन प्रदर्शन करने का अच्छा अवसर है।” हालांकि, उनके लिए यह आसान नहीं होगा, लेकिन ओलंपिक का ‘ए’ स्तर का रिकॉर्ड एक मिनट 58 सेंकंड और 96 मिलिसेकंड तथा ‘बी’ स्तर का रिकॉर्ड दो मिनट, तीन सेकंड और 13 मिलिसेकंड है।
मार्दिनी का 200 मीटर ‘फ्रीस्टाइल’ का अपना बेहतरीन रिकॉर्ड दो मिनट 11 सेकंड है। उनके कोच स्पानेक्रेब्स ने कहा कि उन्होंने हाल ही में काफी बड़े स्तर पर सुधार किया है। आईओसी अपना फैसला जून में देगा।
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