मुंबई, 12 मई (आईएएनएस)। सोने की वैश्विक मांग 2016 की पहली तिमाही में बढ़कर रिकार्ड 1,290 टन हो चुकी है। यह पिछले साल की इसी अवधि के मुकाबले 21 फीसदी अधिक है। विश्व स्वर्ण परिषद (डब्ल्यूजीसी) ने गुरुवार को यह जानकारी दी।
सोने की कुल मांग 2016 की पहली तिमाही में 21 फीसदी बढ़कर 1,290 टन रही, जबकि 2015 की पहली तिमाही में यह 1,070 टन थी।
गोल्ड डिमांड ट्रेंड्स रिपोर्ट जारी करते हुए विश्व स्वर्ण परिषद ने कहा कि सोने की मांग में यह बढ़ोतरी एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (ईटीएफ) के कारण हुई है, जिसमें निवेशकों ने अनिश्चित वित्तीय माहौल में खूब पैसा लगाया है।
स्वर्ण परिषद ने कहा, “हालांकि आभूषण की मांग में उच्च कीमत के कारण 19 फीसदी गिरावट देखी गई। इसमें भारत में आभूषण कारोबारियों की हड़ताल और चीन की अर्थव्यस्था में गिरावट का भी योगदान रहा। इसके कारण उपभोक्ताओं ने आभूषणों की खरीदारी का फैसला टाल दिया।”
2016 की पहली तिमाही में ईटीएफ में कुल 364 टन निवेश किया गया जो कि पिछले साल की आखिरी तिमाही में 26 टन रही थी। यह 2009 की पहली तिमाही के बाद सबसे उच्च स्तर है। यूरोप और जापान में नकारात्मक विकास दर, चीन की अर्थव्यवस्था की अनिश्चितता, अमेरिका में ब्याज दरों में धीमी बढ़ोतरी की आशंका और वैश्विक शेयर बाजार में उतारचढ़ाव के कारण निवेशकों ने सोने में पैसा लगाना पसंद किया।
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