नई दिल्ली, 25 जुलाई (आईएएनएस)। समय पर बारिश न होने के कारण मौजूदा वित्त वर्ष में देश का काफी उत्पादन आठ फीसदी तक गिर सकता है। सोमवार को संसद में यह जानकारी दी गई।
वाणिज्य मंत्री निर्मला सीतारमन ने लोकसभा में प्रश्नकाल के दौरान कहा, “पिछले सत्र की अपेक्षा इस बार समय पर बारिश न होने और फूल आने के समय तापमान अधिक होने के कारण मौजूदा वित्त वर्ष (2016-17) में कॉफी के उत्पादन में आठ फीसदी तक की गिरावट का अनुमान है।”
सीतारमन ने बताया कि कॉफी बोर्ड फसल उत्पादकों को मदद पहुंचा रहा है। कॉफी उत्पादकों को बारिश बीमा योजना के तहत बारिश के कारण खराब हुई फसल के लिए मुआवजा दिया जा रहा है।
सीतारमन ने बताया कि उनका मंत्रालय कॉफी निर्यातक संघ द्वारा हरी कॉफी को प्रस्तावित उत्पाद एवं सेवा कर (जीएसटी) के दायरे से बाहर रखी गई चीजों की सूची में शामिल करने के सुझाव पर विचार कर रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि ‘कॉफी अधिनियम-1992 अब किसी काम का नहीं रहा।’
सीतारमन ने कहा, “समय के साथ कॉफी बोर्ड की भूमिका बदल चुकी है और मौजूदा अधिनियम के अनेक प्रावधान बेकार हो चुके हैं, खासकर 1996 में कॉफी पूलिंग सिस्टम खत्म होने के बाद।”
उन्होंने बताया कि 70 साल पहले निर्मित कानून को हटाने और उसकी जगह कॉफी विधेयक-2016 लाने का प्रस्ताव रखा गया है।
dharmpath.com dharmpath