पवन सुत हर लें भक्तों के दुख

pawanसोनीपत शहर में गोहाना रोड पर नई कचहरी के समीप स्थित प्राचीन हनुमान मंदिर असंख्य श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का प्रतीक बना हुआ है। यहां पर स्थापित हनुमान और भोलेनाथ की भव्य प्रतिमाएं हर श्रद्धालु को नतमस्तक करती हैं। हनुमान में गहरी आस्था के कारण यहां पर मन्नतें मांगने और पूजा करने के लिए भक्तों का तांता लगा रहता है।

अराध्य देव के प्रति भक्तों के मन में जागृत अटूट आस्था सब कष्टों के दूर रहने का विश्वास जगाती है। हरियाणा प्रदेश में विभिन्न स्थानों पर बने अनेक देवालय और धार्मिक स्थल यहां के लोगों की देवी-देवताओं में गहरी आस्था व भक्ति-भावना का ही प्रतिफल हैं।

सोनीपत शहर में गोहाना रोड पर नई कचहरी के समीप बना प्राचीन हनुमान मंदिर भी असंख्य श्रद्धालुओं की अटूट आस्था का प्रतीक बना हुआ है। यहां पर स्थापित हनुमान और भोलेनाथ की भव्य तथा विशाल प्रतिमाएं हर श्रद्धालु को नतमस्तक करती हैं। हनुमान में गहरी आस्था के कारण यहां पर सुबह-शाम भक्तों का तांता लगा रहता है। यहां पर आने वाले श्रद्धालुओं का मानना है कि पवन सुत हनुमान उनके हर दुख को हर लेते हैं तथा सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद पूरी करते हैं। अनेक भक्त इस धार्मिक स्थान को हनुमान के चमत्कारों का स्थान मानते हैं। श्रद्धालुओं की धारणा है कि चमत्कारों के कारण ही यहां के लोगों में हनुमान के प्रति गहरी आस्था जागृत हुई है। श्रद्धालु मन्नत पूरी होने पर यहां विशाल भंडारे का आयोजन भी करते हैं। इसके अलावा कमेटी व श्रद्धालुओं के सहयोग से यहां पर हनुमान जयंती, जन्माष्टमी, शिवरात्रि, होली व दीवाली आदि त्योहारों को भी बड़ी धूमधाम से मनाया जाता है तथा समय-समय पर भंडारों का अयोजन किया जाता है। मंगलवार के दिन इस मंदिर में जहां हनुमान भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है, वहीं हर सोमवार को यहां पर अनेक शिवभक्त भगवान शिव की आराधना के लिए आते हैं।

यह हनुमान और भगवान शिव में लोगों की अगाध आस्था का ही परिणाम है कि वे प्रतिदिन आराधना के लिए गोहाना रोड पर स्थित इस प्राचीन मंदिर में सुबह-शाम आते रहते हैं। इस मंदिर में हनुमान जयंती और शिवरात्रि पर निकाली जाने वाली मनमोहक झांकियों में आसपास ही नहीं बल्कि दूर-दूराज के क्षेत्रों से आकर अनेक श्रद्धालु शिरकत करते हैं तथा आराध्य देव की महिमा का गुणगान करते हैं।

इस प्राचीन हनुमान मंदिर में जहां पुजारी पंडित परशुराम पूर्ण धार्मिक विधि-विधान से पूजा-पाठ करते हैं, वहीं मंदिर की देखरेख के लिए गठित कमेटी के सदस्य सुखबीर, रामसिंह, प्रवीन व मंजीत मंदिर के हर आयोजन में अपना हर संभव सहयोग देते हैं। यहां पर सुबह-शाम किए जाने वाले हनुमान पाठ और कीर्तन में अनेक हनुमान भक्त गुणगान के लिए आते हैं तथा हनुमान की पूजा-अर्चना करके नतमस्तक होकर आशीर्वाद प्राप्त करते हैं।

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