हैदराबाद, 16 अप्रैल (आईएएनएस)। हैदराबाद उच्च न्यायालय ने आंध्र प्रदेश पुलिस द्वारा सात अप्रैल को मारे गए 20 लकड़हारों में से एक का फिर से पोस्टमॉर्टम करने का गुरुवार को आदेश दिया।
न्यायालय की एक खंडपीठ ने निर्देश दिया कि हैदराबाद के निजाम्स इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेंज (एनआईएमएस) के फॉरेंसिक विशेषज्ञ के एक दल को चेन्नई में शशि कुमार के शव का पोस्टमॉर्टम दोबारा करना चाहिए।
न्यायालय ने तमिलनाडु सरकार से कहा है कि वह पोस्टमॉर्टम करने वाले दल को पर्याप्त सुरक्षा मुहैया कराए।
मुख्य न्यायाधीश कल्याण ज्योति सेनगुप्ता तथा न्यायाधीश पी.वी.संजय कुमार की पीठ ने कहा कि पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट को अगले सोमवार को न्यायालय में पेश किया जाए।
उल्लेखनीय है कि पुलिस ने चित्तूर जिले में तिरूपति ने निकट सेशाचलम जंगल में लाल चंदन के तस्करों द्वारा भाड़े पर लिए गए 20 लकड़हारों को मार गिराया था।
मारे गए एक लकड़हारे शशि कुमार की पत्नी मुनियाम्मल ने चंदनगिरी पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी और मुठभेड़ में शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करने की मांग की थी।
सिविल लिबर्टी कमेटी की चिल्का चंद्र शेखर ने एक जनहित याचिका दाखिल करते हुए मुठभेड़ में शामिल पुलिसकर्मियों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज करने की मांग की थी, जिसपर हैदराबाद उच्च न्यायालय ने स्वत: संज्ञान लिया।
आंध्र प्रदेश सरकार ने बुधवार को न्यायालय को सूचित किया कि पुलिसकर्मियों के खिलाफ एक प्राथमिकी पहले ही दर्ज कर ली गई है।
मद्रास उच्च न्यायालय के आदेश के मुताबिक, शशि कुमार सहित छह लकड़हारों के शव तिरूवन्नामलाई सरकारी अस्पताल में संरक्षित किए गए हैं।
dharmpath.com dharmpath