सोमवार रात अचानक हुई इस घटना से बारातियों में अफरातफरी मच गई। ग्रामीणों ने तत्काल बीमार बारातियों को स्थानीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया। वहीं कुछ बाराती एक निजी अस्पताल में भर्ती हैं।
रामदुलार निषाद के बेटे अरविंद की शादी रइया में पंचम निषाद के घर बारात आई थी। बारात लड़की के घर पहुंचने के बाद लोगों ने नाश्ता व भोजन किया। इसके कुछ समय बाद करीब तीन दर्जन बाराती उल्टी-दस्त करने लगे। उनकी हालत इस कदर बिगड़ी की वे जहां-तहां जमीन पर लेट गए।
ग्रमीणों ने इसकी सूचना 108 नंबर पर दी, लेकिन कोई जवाब न मिलने पर निजी बस से बीमार बारातियों को चहनिया प्राथमिक स्वास्थ्य पर ले गए, जहां अव्यवस्था का आलम देख सभी को निजी अस्पताल में ले जाया गया।
बीमार बारातियों में राजेश गुप्ता (40), अजय कुमार (22), जितेंद्र (20) रहमान (07), सोबराती (25), मानसी (10), दीपक (23), राजेंद्र गुप्ता (46), धर्मेद्र (12), गंगा साव (30), अक्षय (30), शोभनाथ (20), राममोहन (12), शशिकांत निषाद (20), मृत्युंजय (25), राजदीप (17), भोलानाथ (50), जितेंद्र (20) वर्ष शामिल हैं।
चहनियां प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर रात में आए मरीजों का समुचित इलाज नहीं हो पाया। स्थिति यह थी कि मरीजों को लेटाने के लिए बेड नहीं थे। इस कारण उन्हें फर्श पर लेटाना पड़ा। वहां दवाओं का भी अभाव था। चिकित्सक भी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर रहने की बजाय वाराणसी से आते-जाते हैं। मरीजों का समुचित उपचार नहीं होने से ग्रामीणों में नाराजगी है।
dharmpath.com dharmpath