नई दिल्ली, 13 अक्टूबर (आईएएनएस)। भारत की सालाना खुदरा महंगाई में पिछले महीने गिरावट देखी गई और यह 4.31 फीसदी रही, जबकि यह अगस्त में 5.05 फीसदी थी और पिछले साल के सितंबर में 4.41 फीसदी थी।
नई दिल्ली, 13 अक्टूबर (आईएएनएस)। भारत की सालाना खुदरा महंगाई में पिछले महीने गिरावट देखी गई और यह 4.31 फीसदी रही, जबकि यह अगस्त में 5.05 फीसदी थी और पिछले साल के सितंबर में 4.41 फीसदी थी।
केंद्रीय सांख्यिकी कार्यालय (सीएसओ) द्वारा जारी उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (सीपीआई) के आंकड़ों के मुताबिक खुदरा मुद्रास्फीति में गिरावट वार्षिक खाद्य मुद्रास्फीति में तेज गिरावट के कारण आई है जोकि अगस्त में 5.91 फीसदी थी और सितंबर में घटकर 3.88 फीसदी हो गई।
सीपीआई के आंकड़ों से पता चलता है कि ग्रामीण भारत की सालाना खुदरा मुद्रास्फीति 4,96 फीसदी रही, जबकि शहरी भारत की 3.64 फीसदी।
ग्रामीण क्षेत्रों में सालाना खाद्य मुद्रास्फीति 4.43 फीसदी रही, जबकि शहरी क्षेत्रों में यह 2.88 फीसदी रही।
आधिकारिक आंकड़ों में बताया गया कि सालाना आधार पर सब्जियों की कीमतें गिरकर (-)7.21 फीसदी रही, जबकि दालों की कीमतों में 14.33 फीसदी की बढ़ोतरी हुई।
दूध और दुध आधारित उत्पाद में 4.27 फीसदी तेजी आई, जबकि अन्य प्रोटीन आधारित उत्पाद जैसे मांस-मछली में 5.83 फीसदी की तेजी आई।
इसके अलावा अंडों की कीमतों में 9.94 फीसदी का इजाफा हुआ और मसालों की कीमतें 8.10 फीसदी बढ़ी।
खाद्य तेलों और वसा की कीमतों में 4.65 फीसदी की बढ़ोतरी हुई, जबकि सालाना आधार पर चीनी और मिठाई की कीमतें 25.77 फीसदी बढ़ी।
राज्यों में सबसे कम महंगाई असम में 2.31 फीसदी रही, इसके बाद बिहार में 2.52 फीसदी और मध्य प्रदेश में 3.21 फीसदी रही।
जबकि सबसे ज्यादा महंगाई वाले राज्यों में राजस्थान में 5.63 फीसदी, आंध्र प्रदेश में 5.56 फीसदी और उड़ीसा में 5.52 फीसदी रही।
यह दूसरा महीना है जब सालाना मुद्रास्फीति 6 फीसदी के ऊपरी बर्दाश्त स्तर से नीचे रही, हालांकि अभी भी यह 4 फीसदी के आधार स्तर से ऊपर है।
सरकार ने अगले पांच सालों के लिए महंगाई की दर का लक्ष्य 4 फीसदी (2 फीसदी ऊपर-नीचे) निर्धारित किया है।
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