मदर टेरेसा की उत्तराधिकारी सिस्टर निर्मला नहीं रहीं (लीड-2)

कोलकाता, 23 जून (आईएएनएस)। समाज सेवी संस्था मिशनरीज ऑफ चैरिटी की सुपीरियर जनरल और मदर टेरेसा की उत्तराधिकारी सिस्टर निर्मला का मंगलवार को निधन हो गया। वह 81 वर्ष की थीं।

कैथोलिक धार्मिक आदेश के वैश्विक मुख्यालय ‘मदर हाउस’ के सूत्रों की ओर से यह जानकारी दी गई।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सिस्टर निर्मला के निधन पर शोक जताते हुए कहा, “उनका जीवन समाजसेवा और गरीब एवं बेसहारा लोगों की देखभाल के लिए समर्पित था।”

मिशनरीज ऑफ चैरिटी की संस्थापक मदर टेरेसा के मार्च 1997 में सुपीरियर जनरल का पद छोड़ने के बाद सिस्टर निर्मला ने यह पदभार संभाला था। मदर टेरेसा का निधन पांच सितंबर, 1997 को हुआ था।

सिस्टर निर्मला 24 मार्च, 2009 तक संस्था की संचालक रहीं। उनके बाद सिस्टर प्रेमा ने संस्था के संचालन की जिम्मेदारी संभाली।

मदर हाउस के एक सूत्र ने बताया, “वह (सिस्टर निर्मला) कुछ समय से बीमार थीं। सियालदह स्थित कानवेंट में रात 12.05 बजे उन्होंने आखिरी सांस ली।”

कोलकाता के आर्कबिशप थॉमस डिसूजा ने आईएएनएस को बताया कि सिस्टर निर्मला के अंतिम संस्कार के लिए प्रार्थना सभा मदर हाउस में बुधवार शाम चार बजे आयोजित की जाएगी। प्रार्थना सभा के बाद उनको सेंट जॉन कब्रिस्तान में दफनाया जाएगा।

मोदी ने एक बयान में कहा, “सिस्टर निर्मला का जीवन समाज सेवा और गरीब एवं बेसहारा लोगों की देखभाल के लिए समर्पित था। उनके निधन से दुखी हूं। ईश्वर उनकी आत्मा को शांति दें।”

मोदी ने कहा, “सिस्टर निर्मला के निधन पर मेरी संवेदनाएं मिशनरीज ऑफ चैरिटी परिवार के साथ हैं।”

झारखंड की राजधानी रांची में एक नेपाली ब्राह्मण परिवार में 1934 में जन्मी निर्मला जोशी ने 17 साल की उम्र में ईसाई धर्म अपना लिया था और मदर टेरेसा के समाज सेवा के कार्यो से प्रभावित होकर मिशनरीज ऑफ चैरिटी का हिस्सा बन गईं।

राजनीति विज्ञान में एम. ए. और प्रशिक्षित वकील सिस्टर निर्मला ने 1976 में मिशनरीज ऑफ चैरिटी की चिंतन शाखा की शुरुआत की और वह 1997 तक इसकी अध्यक्ष रहीं।

सिस्टर निर्मला 2003 में दूसरी बार तथा 13 मार्च, 2009 को तीसरी बार मिशनरीज ऑफ चैरिटी की सुपीरियर जनरल चुनी गईं। हालांकि अस्वस्थता के कारण उन्होंने तीसरा कार्यकाल पूरा नहीं किया।

सिस्टर निर्मला को देश सेवा के कार्य के लिए 2009 में देश के दूसरे सर्वोच्च नागरिक सम्मान पद्मविभूषण से नवाजा गया था।

पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने सिस्टर निर्मला के निधन पर शोक जताया है।

उन्होंने ट्वीट किया, “सिस्टर निर्मला के निधन की खबर से दुखी हूं। उन्होंने मदर टेरेसा के बाद मिशनरीज ऑफ चैरिटी का संचालन संभाला था। कोलकाता और पूरी दुनिया उन्हें हमेशा याद करेगी।”

ममता ने सेंट जॉर्ज चर्च पहुंचकर सिस्टर निर्मला को अंतिम श्रद्धांजलि अर्पित की।

ममता ने इसे निजी क्षति बताया और कहा कि राज्य सरकार सिस्टर निर्मला की अंत्येष्टि में पूरी मदद और सहयोग करेगी।

इंटरनेशनल सोसायटी फॉर कृष्ण कान्शसनेस (इस्कॉन) ने भी सिस्टर निर्मला के निधन पर शोक व्यक्त किया।

इस्कॉन के प्रवक्ता राधारमण दास ने कहा, “विशेष तौर पर गरीबों की सेवा को समर्पित उनका प्रतिबद्ध जीवन प्रेरणा का महान स्रोत है। उनका पूरा जीवन विचारणीय एवं अनुकरणीय है।”

About admin


Notice: ob_end_flush(): Failed to send buffer of zlib output compression (0) in /home4/dharmrcw/public_html/wp-includes/functions.php on line 5493