नेपेडा, 29 अक्टूबर (आईएएनएस)। म्यांमार के राखिने में एक अक्टूबर से प्रमाणीकरण प्रक्रिया शुरू होने के बाद से 7,000 से अधिक लोगों को राष्ट्रीय सत्यापन कार्ड (एनवीसी) दिए गए हैं।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ के मुताबिक, यह प्रक्रिया संयुक्त राष्ट्र के पूर्व महासचिव कोफी अन्नान के नेतृत्व वाले एक सलाहकार आयोग द्वारा प्रस्तावित सिफारिशों का हिस्सा है।
राखिने स्टेट इमीग्रेशन एंड पॉपुलेशन डिपार्टमेंट के निदेशक यू आंग मिन के मुताबिक, राष्ट्रीय पहचान प्रणाली के लिए बायोमीट्रिक तरीकों के प्रयोग से यह प्रक्रिया उन स्थानों पर चलाई जा रही है, जहां हालात सामान्य हो गए हैं।
अधिकारी ने स्थानीय लोगों से कहा है कि वे जब तक जीवित रहें, तब तक 1949 और 1951 केंद्रीय नागरिकता अधिनियमों के तहत अपने पास राष्ट्रीय सत्यापन कार्ड रखें।
इस बीच, म्यांमार ने स्टेट काउंसलर आंग सान सू की की अध्यक्षता में नौ निजी क्षेत्रों के कार्यबल गठित किए हैं, जो राखिने में केंद्रीय मानवीय सहायता, पुनर्वास एवं विकास उद्यम (यूईएचइआरडी) के तंत्र से जुड़ेंगे।
नवगठित व्यवस्था का उद्देश्य सरकार और सभी स्थानीय और अंतर्राष्ट्रीय संगठनों को देश के विकास के लिए समाज के सभी क्षेत्रों और वर्गो के लिए काम करने की अनुमति देना है।
सरकार 1992 में म्यांमार और बांग्लादेश के विदेश मंत्रालयों के बीच एक संयुक्त बयान में तय मानदंडों के अनुरूप एक राष्ट्रीय सत्यापन और प्रत्यावर्तन प्रक्रिया लागू करने के लिए तैयार है।
dharmpath.com dharmpath