भोपाल, 19 जुलाई (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश विधानसभा में मानसून सत्र के तीसरे दिन किसानों के मुद्दे पर हो रही चर्चा के दौरान नेता प्रतिपक्ष अजय सिंह ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान पर आरोप लगाया कि खुद को किसान पुत्र और किसान हितैषी होने का दावा करने वाले अपने ही गृह जिले में आत्महत्या करने वाले एक भी किसान के घर सांत्वना देने तक नहीं गए।
अजय ने बुधवार को सरकार की नीतियों पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा, “प्रदेश में कर्ज व सूदखोरों से परेशान होकर एक महीने में 71 किसान आत्महत्या कर चुके हैं। इनमें सबसे ज्यादा मुख्यमंत्री के गृह जिले सीहोर से हैं। खुद को किसानों का सबसे बड़ा हितैषी बताने वाले चौहान ने आत्महत्या करने वाले किसान के घर जाना मुनासिब नहीं समझा, यह कैसे किसान हितैषी मुख्यमंत्री है।”
उन्होंने कहा, “राज्य में किसान आंदोलन के दौरान मंदसौर में किसानों पर पुलिस ने गोली चलाई और छह किसानों को मौत के घाट उतार दिया। दूसरी ओर किसान आत्महत्या कर रहे हैं तो सरकार किसानों की कर्ज के चलते आत्महत्या करने को स्वीकारने के लिए तैयार नहीं है। सरकार ने एक किसान द्वारा आत्महत्या को भूत प्रेत के चलते आत्महत्या करना तक बताया है।”
नेता प्रतिपक्ष ने मुख्यमंत्री से मांग की कि वे किसानों का कर्ज माफ करें। उन्हें उपज का उचित मूल्य मिले इसकी व्यवस्था करें। राज्य में सरकार प्याज खरीदी कर रही है, मगर राज्य के किसानों की बजाय वह दूसरे राज्यों से आ रही है।
dharmpath.com dharmpath