उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री आजम खां का नाम लिए बैगर मौलाना जव्वाद ने कहा कि समाजवादी पार्टी (सपा) के नेता का गुजरात में पुलिस हिंसा और लाठीचार्ज पर बयान आया है कि दुर्भाग्य है कि आजादी के इतने लंबे सफर के बाद भी जनरल डायर की मानसिकता जीवित है। ये नेता शायद अपने प्रदेश में शिया लोगों पर किए गए जुल्म को भूल गए हैं।
मौलाना ने कहा कि सपा सरकार में अपने अधिकारों की वैध मांग कर रहे शिया लोगों के साथ ऐसी ही हिंसा की घटनाएं हुईं, नमाजियों पर लाठीचार्ज किया गया, महिलाओं और बच्चों को पीटा गया और आंदोलन कर रहे लोगों को फर्जी मुकदमे में जेल भेजा गया। मगर सपा नेताओं ने इस पर चुप्पी साध ली।
मौलाना ने कहा, “हम भी तो अपने कानूनी अधिकारों की मांग कर रहे हैं, वक्फ सुरक्षा की बात कर रहे हैं और वक्फ में हुए भ्रष्टाचार की सीबीआई जांच की मांग करहे हैं, मगर शिया समुदाय पर अत्याचार किया जा रहा है। क्या यूपी सरकार का यह अनुचित व्यवहार निंदनीय नहीं है?”
मौलाना ने कहा कि सपा शासन में मुजफ्फरनगर में सांप्रदायिक हिंसा हुई, जिसमें हजारों हिंदू मुसलमान मारे गए, हजारों बेघर हुए और दूसरे शहरों में भी दंगे होते रहते हैं। इसके लिए क्या सरकार जिम्मेदार नहीं है?
उन्होंने ने कहा, “कोई भी सरकार अत्याचार के साथ ज्यादा दिनों तक नहीं चल सकती। शिया समुदाय अपने अधिकारों की मांग को लेकर फिर से धरना-प्रदर्शन शुरू करने जा रहा। हम प्रदेश सरकार के अत्याचार और अन्याय का जवाब अब 2017 के चुनाव में देंगे, जिसकी तैयारियों में हम व्यस्त हैं।”
dharmpath.com dharmpath