कोलकाता, 14 मार्च (आईएएनएस)। पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस और विपक्ष के बीच स्टिंग ऑपरेशन को लेकर सोमवार को जमकर वाक युद्ध हुआ। यह स्टिंग ऑपरेशन एक वेबसाइट ने किया था, जिसमें सत्ताधारी दल कई नेताओं पर घूस लेने का आरोप लगाया गया है। स्टिंग ऑपरेशन नारद न्यूज ने किया है।
विदित हो कि स्टिंग ऑपरेशन को जहां तृणमूल कांग्रेस ने बकवास बताते हुए इसे बदनाम करने अभियान बताया है, वहीं विपक्ष के नेता और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के राज्य सचिव सूर्यकांत मिश्रा ने कहा कि जो दावा वाम मोर्चा शुरू से दावा कर रहा था, उसे स्टिंग ऑपरेशन ने साबित कर दिया है। अब छिपाने के लिए कुछ भी नहीं रहा।
कथित रूप से घूस लेते हुए कैमरे में कैद तृणमूल कांग्रेस के नेताओं का नाम पढ़ते हुए माकपा नेता मिश्रा ने कहा, “शर्म की बात है कि यह सरकार बनी हुई है।”
मिश्रा ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा कि यह केवल तृणमूल के नेताओं द्वारा लाखों रुपये घूस लेने तक ही सीमित नहीं है, बल्कि चिट फंड घोटाले में करोड़ों रुपये लूटने के बारे में भी है। इस सबके पीछे सिर्फ रबर की सैंडल पहनने वाली महिला हैं।
इस पर तृणमूल कांग्रेस की ओर से सफाई देते हुए राज्यसभा सदस्य डेरेक ओ ब्राइन ने कहा कि यह तृणमूल कांग्रेस को बदनाम करने की मुहिम है। उन्होंने कहा, “हमलोग पूरी तरह से पारदर्शी हैं। ममता दी निष्कलंक हैं। यह बात बंगाल के लोग जानते हैं।”
उन्होंने कहा कि ऐसे भी लोग हैं जो चुनाव से पहले जलपान कार्यक्रम का आयोजन करते हैं और जलपान से पहले एक सौ करोड़ रुपये इकट्ठे कर लेते हैं। लेकिन तृणमूल कांग्रेस का दामन बेदाग है।
तृणमूल नेता ने कहा, “अहम सवाल यह भी है कि वीडियो कहां से आए? और कौन इसका सूत्रधार है? कौन मानहानि का मुकदमा करेगा? हमलोगों को इसकी परवाह नहीं है।”
dharmpath.com dharmpath