मुसलमान वोट के उपकरण नहीं : मोदी

कोझिकोड(केरल), 25 सितम्बर (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को वैकल्पिक राजनीति शुरू करने की आवश्यकता पर जोर दिया, जिसकी वकालत जनसंघ के विचारक पं.दीनदयाल उपाध्याय ने भी की थी।

उपाध्याय हमेशा सुझाव देते थे कि किसी भी वर्ग के लोगों को उपेक्षित नहीं छोड़ना चाहिए या वोट का उपकरण नहीं समझना चाहिए।

देश में प्रचारित धर्मनिरपेक्षता की विकृत परिभाषा का उल्लेख करते हुए मोदी ने भारतीय जनसंघ के संस्थापक और सत्ताधारी भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के पूर्वज पं. दीनदयाल उपाध्याय को याद किया, जो कहते थे कि मुसलमानों को न तो केवल वोट का उपकरण समझना चाहिए और न ही उनकी उपेक्षा होनी चाहिए।

मोदी ने कहा, “दीनदयाल ने कहा था कि मुसलमानों

को वोट बाजार नहीं समझा जाना चाहिए।”

भाजपा की राष्ट्रीय परिषद की बैठक के समापन सत्र को संबोधित करते हुए मोदी ने कहा, “यह इसी संदर्भ में है कि हमने सबका साथ सबका विकास की भावना से हमारे विकासात्मक कार्यक्रमों की शुरुआत की है।”

उन्होंने कहा, “हमने हमेशा उनके सिद्धांतों का पालन करने की कोशिश की है और आज हम फिर समावेशी विकास के लिए खुद को पुन: समर्पित करने की प्रतिज्ञा करते हैं।”

मोदी ने कहा कि यह उपयुक्त समय है कि “हम अंतिम व्यक्ति यानी देश के प्रत्येक कोने के अत्यंत गरीब व्यक्ति की मदद के लिए हाथ बढ़ाएं।”

उन्होंने कहा, “युवाओं से भरे हमारे जैसे एक देश का नया सपना होना चाहिए और नई गति होनी चाहिए।”

मोदी ने आगे कहा कि भाजपा का मूल चरित्र लोक कल्याण के सिद्धांत पर आधारित है और पार्टी ने अपने विचारों के साथ कभी समझौता नहीं किया है।

About admin


Notice: ob_end_flush(): Failed to send buffer of zlib output compression (0) in /home4/dharmrcw/public_html/wp-includes/functions.php on line 5493