नई दिल्ली, 18 जनवरी (आईएएनएस)। दिल्ली विधानसभा ने बुधवार को प्रश्न एवं संदर्भ समिति की सिफारिश पर दक्षिणी दिल्ली नगर निगम (एसडीएमसी) के आयुक्त पुनीत गोयल के खिलाफ भ्रष्टाचार के आरोप में बिठाई गई जांच की रिपोर्ट को अंगीकार कर लिया।
विधानसभा की उपाध्यक्ष राखी बिड़ला ने मंगलवार को गोयल पर अनुशासन भंग करने, ड्यूटी में लापरवाही बरतने और लोक कार्यो में जानबूझकर देरी करने के आरोप तय किए थे।
रिपोर्ट में कहा गया है, “समिति सिफारिश करता है कि दिल्ली सरकार एसडीएमसी के आयुक्त पुनीत गोयल के खिलाफ अनुशासन भंग करने, ड्यूटी में लापरवाही बरतने और लोक कार्यो में जानबूझकर देरी करने के मामलों की तत्काल जांच करवाए।”
उल्लेखनीय है कि यह मामला दिल्ली के नगर विकास विभाग द्वारा निगम आयुक्त की वित्तीय शक्तियों में इजाफा करने के संदर्भ में दिए गए आदेश का पालन न करने से जुड़ा हुआ है। उल्लेखनीय है कि दिल्ली के नगर विकास विभाग ने आदेश दिया था कि निगम आयुक्तों की वित्तीय शक्तियों में इजाफा कर उन्हें एमएलएएलएडी योजना के तहत पांच करोड़ रुपये तक के कार्यो की मंजूरी देने की इजाजत दी जाए। इससे पहले निगम आयुक्त इस योजना के तहत 25 लाख रुपये तक के कार्यो को मंजूरी दे सकते थे।
रिपोर्ट के अनुसार, उत्तरी और पूर्वी दिल्ली नगर निगमों के आयुक्तों ने इस आदेश का पालन किया था, लेकिन एसडीएमसी आयुक्त ने इसका पालन नहीं किया।
समिति ने यह भी कहा है कि सिफारिशों के आधार पर की गई कार्रवाई पर तीन महीने के अंदर सदन में रिपोर्ट पेश की जाए।
dharmpath.com dharmpath