पटना, 29 मार्च (आईएएनएस)। बिहार के कला, संस्कृति एवं युवा विभाग के मंत्री शिवचंद्र राम ने बुधवार को पटना में बॉलीवुड व भोजपुरी की चर्चित गायिका कल्पना पटोवारी का महात्मा गांधी के चंपारण सत्याग्रह पर आधारित एलबम ‘चंपारण सत्याग्रह’ का लोकार्पण किया।
इस मौके पर मंत्री राम ने कहा, “कल्पना ने अपनी आवाज से बिहार और भोजपुरी संस्कृति को दुनियाभर के जनमानस के बीच पहुंचाया। कल्पना ने भोजपुरी के शेक्सपीयर भिखारी ठाकुर को समर्पित एलबम ‘द लेजेसी ऑफ भिखारी ठाकुर’ और ‘द एंथ्रोलॉजी ऑफ बिरहा’ के जरिए अतंर्राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाया।”
राम ने इस एलबम की तारीफ करते हुए कहा, “कल्पना के इस एलबम में गांधी जी के विचार के जरिए तथ्य संग्रह का कार्य सराहनीय है।”
उन्होंने कहा, “महात्मा गांधी के चंपारण सत्याग्रह के 100 साल के मौके पर जहां राज्य सरकार के कई विभाग अपने स्तर से काम कर रही है, वहीं कला, संस्कृति एवं युवा विभाग की ओर से भी कई आयोजन किए जाएंगे। विभाग कार्यशाला, विरासत यात्रा और फिल्म प्रदर्शन के जरिए गांधी जी की चंपारण सत्याग्रह को लोगों के बीच प्रस्तुत करेगी।”
इस मौके पर कल्पना ने कहा, “भोजुपरी को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल कराने के लिए अपने ‘म्यूजिकल’ प्रयास के तीसरे चरण में उन्होंने ‘चंपारण सत्याग्रह’ की परिकल्पना की, जो अब सबके सामने है।”
उन्होंने कहा, “भोजपुरी भाषा चंपारण सत्याग्रह की मूल आत्मा थी। महात्मा गांधी का पूरा जीवन अनुकरणीय है। उनका यह प्रयास आज की पीढ़ी के लिए है, जो आज गांधी जी के योगदान को कृतज्ञतापूर्वकयाद कर सकें।”
कल्पना ने कहा, “गांधी जी ने भोजपुरी भाषा को अपना हथियार बनाया था। उनके सहयोगी सत्याग्रह की सफलता के लिए भोजपुरी भाषा में लोकगीतों की रचना करते थे और फिर लोगों के बीच गायन करते थे।”
कल्पना ने भोजुपरी को संविधान की आठवीं अनुसूची में शामिल नहीं करने पर नाराजगी जाहिर करते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया।
dharmpath.com dharmpath