अमृतसर, 25 मई (आईएएनएस)। पाकिस्तानी शख्स से कथित तौर पर निकाह को मजबूर की गई भारतीय महिला उज्मा अहमद गुरुवार सुबह वतन लौट आईं।
इस्लामाबाद उच्च न्यायालय ने एक दिन पहले ही उज्मा को भारत लौटने को मंजूरी दी थी।
विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने वाघा सीमा पार कर अमृतसर पहुंचीं उज्मा का स्वागत किया।
सुषमा ने ट्वीट कर कहा, “उज्मा-घर में तुम्हारा स्वागत है भारत की बेटी। मुझे खेद है कि तुम्हें यह सब झेलना पड़ा।”
पाकिस्तानी सुरक्षाबलों ने उज्मा को वाघा सीमा तक सुरक्षा मुहैया कराई। वह दिल्ली आ सकती हैं।
महिला का दावा है कि पाकिस्तान के बुनेर के रहने वाले ताहिर अली से निकाह के लिए उन्हें मजबूर किया गया। उनके माथे पर बंदूक रखकर उन्हें जान से मारने की धमकी दी गई और प्रताड़ित तथा अपमानित किया गया। बुधवार को सुनवाई के दौरान पाकिस्तानी न्यायाधीश मोहसिन अख्तर कयानी ने उज्मा से पूछा था कि क्या वह उनके चैम्बर में अपने ‘शौहर’ से मिलना चाहती हैं? इस पर उज्मा ने इससे इनकार कर दिया था।
उच्च न्यायालय ने आदेश दिया कि उज्मा अपने देश जा सकती हैं और इस मामले की सुनवाई उनकी अनुपस्थिति में होगी।
उज्मा ने इस्लामाबाद स्थित भातीय उच्चायोग में शरण ले रखी थी। वह वतन लौटना चाहती थीं।
dharmpath.com dharmpath