वाशिंगटन, 2 जून (आईएएनएस)। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा ने तेजी से घूर्णन करने वाले न्यूट्रॉन तारों का अध्ययन करने वाले दुनिया के पहले मिशन की तैयारी पूरी कर ली है। न्यूट्रॉन तारा ब्रह्मांड की सबसे घनी वस्तु है।
नासा की योजना न्यूट्रॉन स्टार इंटीरियर कंपोजिशन एक्सप्लोरर (एनआईसीईआर) लॉन्च करने की है, जिसे स्पेस एक्स सीआरएस-11 कार्गो रिसप्लाई मिशन से अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र में तैनात किया जाएगा। स्पेस एक्स सीआरएस-11 को शनिवार को फॉल्कन रॉकेट से प्रक्षेपित किया जाएगा।
स्पेस एक्स कार्गो रिसप्लाई मिशन को गुरुवार को लॉन्च करना था, लेकिन खराब मौसम के कारण ऐसा नहीं हो पाया।
नासा ने कहा कि अंतर्राष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र में तैनात होने के एक सप्ताह बाद न्यूट्रॉन तारे के संबंध में अपनी तरह का पहला अध्ययन शुरू हो जाएगा।
मिशन मूलत: अपना ध्यान खास तौर पर पल्सर्स पर केंद्रित करेगा।
पल्सर अत्यधिक चुम्बकीय, बहुत तेज घूर्णन करने वाले न्यूट्रॉन तारे हैं, जो विद्युत चुम्बकीय विकरण उत्पन्न करते हैं।
मिशन पर नजर रखने वालीं मैरिलैंड स्थित नासा के गोडार्ड स्पेस फ्लाइट सेंटर की वैज्ञानिक कीथ जेंड्रयू ने कहा, “प्रक्षेपण का समय बिल्कुल सही है।”
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