दमिश्क, 2 जुलाई (आईएएनएस)। सीरिया की सेना ने शनिवार को उन रिपोर्ट को सिरे से खारिज कर दिया जिसमें कहा गया है कि उसने पूर्वी दमिश्क में संघर्षो के दौरान क्लोरीन गैस का उपयोग किया था।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ की रिपोर्ट के अनुसार, सेना ने कहा कि दमिश्क के पूर्वी हिस्से में अयन टर्मा में विद्रोहियों पर क्लोरीन गैस से हमला करने संबंधी रिपोर्ट पूरी तरह से झूठी है।
सेना का बयान उन रिपोर्ट के बाद आया है जिनमें कहा गया था कि सीरिया की सेना द्वारा अयन टर्मा में क्लोरीन गैस के हमले में 30 लोगों की दम घुटने से मौत हो गई थी।
सेना ने कहा, “इन रिपोर्ट को आतंकी संगठनों द्वारा अपने नुकसान को सही साबित करने के लिए गढ़ा गया है।” सेना ने कहा कि यह झूठ उजागर हो गया है और इस पर विश्वास नहीं किया जा सकता।
सेना ने दावा किया कि सीरिया ने न तो पहले कभी रासायनिक गैस का उपयोग किया है और न ही आगे ऐसा करने का इरादा है।
सीरिया की सरकार ने आगाह किया था कि विद्रोही सीरिया की सेना पर रासायनिक हमले की तैयार कर रहे हैं।
रासायनिक हमलों की खबरें पिछले साल अप्रैल में उस समय आई थीं, जब अमेरिका और विद्रोही संगठनों ने सीरिया की सेना पर पूर्वी-पश्चिम इदलिब प्रांत में खान शेखों पर एक हमले में रासायनिक हथियारों के उपयोग का आरोप लगाया था।
इस कथित हमले ने अमेरिका को केंद्रीय सीरिया में स्थित सैन्य अड्डे पर मिसाइल से हमला करने के लिए प्रेरित किया था।
सीरिया ने तब इन आरोपों को बिना किसी जांच के उस पर लगाने को अनुचित ठहराया था।
dharmpath.com dharmpath