गुरुग्राम, 11 अगस्त (आईएएनएस)। जेनेसिस फाउंडेशन की फंड जुटाने की चर्चित पहल ‘सीईओज सिंग फॉर जीएफ किड्स’ मुंबई एवं बेंगलुरू में शानदार संचालन के बाद अब दिल्ली-एनसीआर पहुंच गई है।
सीईओज सिंग फॉर जीएफ किड्स के 20वें संस्करण का आयोजन 19 अगस्त को शाम 7 बजे से द क्राउन प्लाजा (गुरूग्राम) में किया जायेगा। देश की प्रमुख कंपनियों के 15 कॉपोर्रेट लीडर मस्ती, फूड, म्यूजिक से भरपूर इस एक नेक कार्य के लिए इस कार्यक्रम में भाग लेंगे।
विभिन्न कंपनियों के सीईओज हर साल जेनेसिस फाउंडेशन के इस नेक कार्य के प्रति अपनी प्रतिबद्धता तथा उत्साह दिखाते हैं। गौरतलब है कि जेनेसिस फाउंडेशन द्वारा सुविधा से वंचित बच्चों के हृदय रोगों का उपचार कराया जाता है।
ये सीईओ, जिन्हें अपने कारोबार में महारत हासिल है और बेहद आसानी से बोर्ड रूम्स में शिरकत करते हैं,ने एकसाथ आने और कुछ अलग करने का फैसला किया। ये मंच पर परफॉर्म करते हैं और बच्चों के प्रति अपने प्यार की खातिर लोगों के दिलों को जीतते हैं।
इसके प्रतिभागियों में पहले भी परफॉर्म कर चुके सीईओ के साथ ही ऐसे सीईओ भी शामिल हैं, जो पहली बार परफॉर्म करेंगे। पैसों से योगदान करने के अलावा ये बेहद प्रभावशाली लोग अपने व्यस्त शेड्यूल से समय निकालते हैं और एकसाथ गाते हैं, डांस करते हैं तथा नन्हें दिलों को बचाने के लिये अपनी तरफ से प्रयास करते हैं।
दिल्ली में परफॉर्म करने वाले सीईओ विकास गुप्ता (एमडी, रण्विक एक्सपोर्ट्स प्रा. लि), विपिन रहेजा (सीएमडी, नैपिनो ऑटो एंड इलेक्ट्रॉनिक्स लि), संजय कपूर (चेयरमैन, आइबस नेटवर्क्स), शिरीष जोशी (संस्थापक सीईओ, प्रिज्म कंसल्टिंग), रंजन चोपड़ा (सीईओ, टीम कम्प्यूटर्स), अजय कौल (पूर्व सीईओ, जुबिलेंट फूड्स), हर्ष महाजन ( संस्थापक और चीफ रेडियोलॉजिस्ट, महाजन इमेजिंग), अतुल आहूजा (प्रेसिडेंट, लनिर्ंग पाम), विशाल मलिर ( हेड ऑफ ऑपरेशन्स, मैकिन्से इम्प्लीमेंटेशन प्रैक्टिस और मैकिन्से कैपेबिलिटी सेंटर (एमसीसी)), मनीष कपूर (पार्टनर, केपीएमजी इंडिया), लोकवीर कपूर (सीईओ, पाइन लैब्स प्रा. लि), परमिन्दर चड्ढा ( मैनेजिंग डायरेक्टर, कसौली एक्जॉटिका होटल) हैं।
इस कार्यक्रम के बारे में जेनेसिस फाउंडेशन की संस्थापक प्रेमा सागर ने कहा, “हमारे दोस्तों एवं कंपनियों के लीडर्स से हमें जो प्रतिसाद मिला है, उसके लिये हम उनके आभारी हैं। सीईओ सिंग एक प्रमुख कार्यक्रम है, जिसका आयोजन हम हर साल करते हैं। इसमें हम एकजुट होते हैं और इन बच्चों के लिये फंड जुटाते हैं, जिन्हें इसकी सबसे अधिक जरूरत है। ये आपके बच्चे हैं, हमारे बच्चे हैं, दुनिया भर के बच्चे हैं। और मैं उन लोगों का बेहद आभारी हूं, जो इन बच्चों को सपने देखने, उनसे प्यार करने और उन्हें अपनी किस्मत बनाने का मौका देने के लिये इतने उत्साह के साथ भाग लेते हैं।”
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