नई दिल्ली, 17 नवंबर (आईएएनएस)। उत्तर प्रदेश में 19 अगस्त को कलिंगा उत्कल एक्सप्रेस के पटरी से उतरने के मामले में 12 कर्मचारियों को हटाने के अपने आदेश में रेलवे ने बदलाव किया है। रेलवे ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।
एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि रेलवे सुरक्षा आयुक्त (सीआरएस) ने उत्कल एक्सप्रेस के पटरी से उतरने के मामले की जांच की रिपोर्ट जमा कर दी है, जिसमें परमानेंट वे इंस्पेक्टर (पीडब्ल्यूआई) प्रदीप कुमार को दुर्घटना के लिए जिम्मेदार बताया गया है, और वह सेवा से निष्कासित रहेंगे और उन्हें बहाल नहीं किया गया है।
उन्होंने कहा, “11 ट्रैकमैन अभी भी सेवा से निलंबित हैं और बड़ी सजा देने के लिए उनके खिलाफ नियमित विभागीय अनुशासनात्मक कार्रवाई (जिसमें विभाग से संबंधित जांच के समापन के बाद सेवा से बर्खास्त करना शामिल है) की जा रही हैं। इन 11 कर्मचारियों को सीआरएस जांच की रिपोर्ट में घटना के लिए दोषी नहीं ठहराया गया है।”
रेलवे ने 30 अगस्त को रेल के पटरी से उतरने के मामले में ‘कर्तव्य की उपेक्षा’ के लिए एक जूनियर इंजीनियर और 11 ट्रैकमैन सहित 13 कर्मचारियों को बर्खास्त कर दिया था।
उत्कल एक्सप्रेस के 14 डिब्बे 19 अगस्त को पटरी से उतर गए थे जिसमें 23 यात्रियों की जानें गई और 150 से अधिक घायल हो गए।
इस घटना के बाद रेलवे ने चार इंजीनियरों को भी निलंबित किया था।
सीआरएस ने दुर्घटना के लिए मानव त्रुटि को दोषी ठहराया है।
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