भोपाल, 30 जुलाई (आईएएनएस)। मध्य प्रदेश में सरकारी कर्मचारियों को आने वाले दिनों में सप्ताह में महज पांच दिन काम करने होंगे। सरकार उन्हें दो दिन की छुट्टी देने के प्रस्ताव पर विचार कर रही है।
सूत्रों के अनुसार, सामान्य प्रशासन विभाग के पास एक प्रस्ताव आया है, जिसमें कर्मचारियों पर काम के बोझ से बढ़ते तनाव का हवाला दिया गया है। विभाग ने इस प्रस्ताव को उचित सुझाव के लिए वित्त विभाग के पास भेजा है। वित्त विभाग इस बात का परीक्षण करेगा कि दफ्तरों में सप्ताह में पांच कार्य दिवस होने से वित्तीय स्थिति यानी वाहन ईंधन, स्टेशनरी, बिजली और अन्य मदों पर खर्च पर कितना प्रभाव पड़ता है।
सूत्रों के अनुसार, वित्त विभाग को भेजे गए प्रस्ताव में एक दिन के काम को शेष पांच दिनों में बांटने का भी ब्योरा दिया गया है। इसके अनुसार पांच कार्य दिवस होने पर दफ्तर सुबह 10.30 बजे के बजाय 9.30 बजे शुरू होकर शाम 6.30 बजे तक चलेंगे।
राज्य मंत्री लाल सिंह आर्य ने गुरुवार को संवाददाताओं को बताया कि सरकारी कार्यालयों में सप्ताह में पांच कार्य दिवस रखने का प्रस्ताव आया है, जिसे वित्त विभाग को भेजा गया है। उन्होंने कहा कि महीने में दो-तीन सप्ताह ऐसे होते हैं, जब पांच दिन ही काम होता है। लिहाजा पांच कार्य दिवस करने पर विचार किया जा रहा है। इस बाबत तमाम सरकारी कर्मचारी संगठनों से भी चर्चा होगी।
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