नई दिल्ली, 9 सितम्बर (आईएएनएस)। नेपाल की दो महिलाओं के साथ गुड़गांव स्थित एक फ्लैट में कथित रूप से दुष्कर्म करने के आरोपी सऊदी अरब के राजनयिक और उनके मित्रों के मामले में विस्तृत रपट के संबंध में नेपाल दूतावास भारत के विदेश मंत्रालय के संपर्क में है।
भारत में नेपाल के राजदूत दीप उपाध्याय ने बुधवार को मीडिया से कहा कि अधिकारिक तौर पर हमें यह जानकारी नहीं है कि आरोपी राजनयिक है या नहीं। नेपाल में इस मामले की समानांतर जांच की जा रही है।
उपाध्याय ने इस विषय में यह कहते हुए अधिक जानकारी देने से इंकार कर दिया कि पुलिस जांच अभी जारी है, इसलिए इस संबंध में अभी कुछ भी कहना उचित नहीं है।
उपाध्याय ने कहा कि स्थानीय पुलिस से मामले की जानकारी मिलने के बाद विदेश मंत्रालय के सहयोग से नेपाली महिलाओं को मुक्त कराया गया है।
मुक्त कराई गई दो महिलाओं में से एक ने मीडिया को बताया कि दोनों के साथ मारपीट की जाती थी और उन पर चाकू से भी हमला किया गया। महिला ने अपनी बांह भी दिखाई जिस पर चाकू से वार किया गया था। महिला ने बताया कि राजनयिक के सुरक्षा गार्ड्स ने गुड़गांव आवास में पुलिस के साथ भी मारपीट की।
सऊदी राजनयिक कथित तौर पर प्रथम श्रेणी सचिव के दर्जे का है।
गौरतलब है कि राजनयिक के साथ उसके कुछ दोस्तों और अतिथियों पर दो नेपाली महिलाओं के साथ दुष्कर्म का आरोप लगाया गया है। दोनों महिलाओं को सोमवार को मुक्त कराया गया। राजनयिक की पत्नी और बेटी पर इन घरेलू सहायिकाओं के साथ मारपीट का आरोप है।
इस बीच, आधिकारिक सूत्रों ने कहा है कि इस मामले में पुलिस द्वारा आरोप तय करने और आरोपी व्यक्ति से पूछताछ की जरूरत आने पर विदेश मंत्रालय इसमें अपनी भूमिका निभाएगा।
इसके विपरीत सऊदी अरब के दूतावास ने राजनयिक के खिलाफ इन आरोपों को खारिज किया है और इसे प्राप्त तथ्यों के विपरीत बताया है।
गुड़गांव पुलिस ने राजनयिक और अज्ञात लोगों के खिलाफ मंगलवार को डीएलएफ-2 पुलिस थाने में भारतीय दंड संहिता की धारा 376-डी (सामूहिक दुष्कर्म), 376 (दुष्कर्म), 377 (अप्राकृतिक यौनसंबंध) और धारा 342, 323 और 120-बी (साजिश) के तहत मामले दर्ज किए हैं।
इस मामले में अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है।
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