चीन द्वारा प्रवर्तित एशियाई अवसंरचना निवेश बैंक (एआईआईबी) में ब्रिटेन की सक्रिय भागीदारी से दोनों देशों के संबंधों में मजबूती आई है और शी के इस दौरे से दोनों देशों के संबंध में एक नए स्वर्णिम दशक की शुरुआत होगी।
ब्रिटेन के वित्त मंत्री जॉर्ज ऑशबर्न ने गत महीने चीन की यात्रा के दौरान वादा किया था कि ब्रिटेन चीन के साथ मिलकर एआईआईबी को पेशेवर, जवाबदेह, पारदर्शी और प्रभावी वित्तीय मंच बनाने के लिए काम करेगा।
ऑसबर्न और मंत्रालय के वाणिज्य सचिव द्वारा समाचार पत्र गार्जियन में लिखे गए एक आलेख में उन्होंने कहा, “हम चीन के साथ एक स्वर्णिम संबंध चाहते हैं, जो इस देश के लिए एक स्वर्णिम दशक लेकर आए।” उन्होंने आगे लिखा, “सरल शब्दों में हम ब्रिटेन का पश्चिम में चीन का सबसे अच्छा साझेदार बनाना चाहते हैं।”
ब्रिटेन ने मध्य मार्च में एआईआईबी में जुड़ने की मंशा घोषित कर दी थी। ब्रिटेन बैंक का पहला पश्चिमी संस्थापक सदस्य देश है।
चाइना इंस्टीट्यूट ऑफ कंटेंपरेरी इंटरनेशनल रिलेशंस के उपाध्यक्ष फेंग झोंगपिंग ने कहा, “एआईआईबी के प्रति ब्रिटेन का सकारात्मक दृष्टिकोण दोनों देशों के बीच स्वर्णिम संबंध का नया अध्याय खोलने के लिए एक अनुकरणीय कदम था।”
फेंग ने कहा कि ब्रिटेन ने एआईआईबी में जुड़ने को अन्य पश्चिमी देशों के लिए रास्ता तैयार किया। बैंक को वित्तीय क्षेत्र में ब्रिटेन की विशेषज्ञता से महत्वपूर्ण लाभ मिल सकता है।
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