नई दिल्ली, 27 जनवरी (आईएएनएस)। सर्वोच्च न्यायालय ने बंबई उच्च न्यायालय द्वारा मुंबई मेट्रो वन के प्रस्तावित किराया वृद्धि पर रोक लगाने के अंतरिम आदेश में हस्तक्षेप से बुधवार को इनकार कर दिया। सर्वोच्च न्यायालय ने उच्च न्यायालय से कहा कि वह शुक्रवार को मामले की सुनवाई करे।
न्यायमूर्ति एम. वाई. इकबाल और न्यायमूर्ति अरुण मिश्रा की पीठ ने बंबई उच्च न्यायालय से मामले की सुनवाई 29 जनवरी को करने को कहा। मुंबई मेट्रो वन प्राइवेट लिमिटेड के वकील ने शीर्ष अदालत से मामले की सुनवाई जल्द से जल्द कराने का आग्रह किया था।
वर्सोवा-अंधेरी-घाटकोपर मार्ग पर चलने वाली मुंबई मेट्रो वन ने किराया बढ़ाने का प्रस्ताव किया है। किराया निर्धारण समिति ने किराए को 10 से 110 रुपये के बीच निर्धारित किया है।
बंबई उच्च न्यायालय ने 17 दिसंबर को अंतरिम आदेश जारी कर किराए में वृद्धि पर रोक लगा दी थी। मुंबई मेट्रो वन ने इसके खिलाफ सर्वोच्च न्यायालय में अपील की। बंबई उच्च न्यायालय ने कहा था कि वह पहले किराया निर्धारण समिति की रपट का अध्ययन करेगा और इसके बाद किराया बढ़ाने के तर्क पर विचार करेगा।
किराया निर्धारण समिति द्वारा किराया बढ़ाने के खिलाफ मुंबई महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण ने उच्च न्यायालय में याचिका दाखिल की थी। महाराष्ट्र सरकार का भी मानना है कि किराए में की गई वृद्धि बहुत अधिक है।
dharmpath.com dharmpath