चेन्नई, 8 फरवरी (आईएएनएस)। तमिलनाडु की मुख्यमंत्री जे. जयललिता ने सोमवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अनुरोध किया कि गेल (इंडिया) की पाइपलाइन के लिए भू-उपयोग अधिकार संबंधी केंद्र सरकार द्वारा जारी अधिसूचना रद्द कर दी जाए। इस अधिसूचना के जारी हो जाने के बाद गेल को राज्य के सात जिलों में खेतों से होकर गैस पाइपलाइन बिछाने का अधिकार मिल गया है।
जयललिता ने यह आग्रह मोदी को एक पत्र भेज कर किया है, जिसकी प्रति संवाददाताओं को भी उपलब्ध कराई गई है। मुख्यमंत्री ने मोदी से अनुरोध किया कि वह गेल इंडिया को अधिसूचना पर तुरंत कदम उठाने से रोके।
सर्वोच्च न्यायालय ने हाल में एक आदेश में कहा था कि भूमि उपयोग अधिकार की अधिसूचना जारी हो जाने के बाद राज्य सरकार कंपनी को यह नहीं बता सकती है कि पाइपलाइन किस तरह से बिछाई जाए। जयललिता ने मोदी से कहा कि वह इस आदेश की समीक्षा करने के लिए सर्वोच्च न्यायालय में याचिका दाखिल करेंगी।
पाइपलाइन कोच्चि से कूटानंद और बेंगलुरू होते हुए मंगलुरू तक जाएगी। यह कोयंबटूर, तिरुपुर, इरोड, नमक्कल, सालेम, धर्मपुरी और कृष्णागिरि जिले के खेतों से होकर गुजरेगी, जिसे किसान नहीं चाहते हैं।
जयललिता चाहती हैं कि पाइपलाइन राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे-किनारे बिछाई जाए।
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