वैश्य ने वर्ष 1938 में स्नातक (बीए) की परीक्षा पास की थी और फिर नौकरी करने लगे। करीब 39 वर्ष पूर्व वह नौकरी से रिटायर हुए। इस वक्त उनकी उम्र 97 वर्ष है, लेकिन उच्च शिक्षा पाने की लगन के चलते उन्होंने अब एमए की परीक्षा दी है।
नालंदा विश्वविद्यालय द्वारा आयोजित अर्थशास्त्र (एमए) की परीक्षा दे रहे राजकुमार वैश्य मूल रूप से बरेली के निवासी हैं। उन्होंने बताया कि पिछले दिनों जब उन्होंने उम्र के 97 वें पड़ाव पर एमए की पढ़ाई करने में रुचि दिखाई तो उनके पुत्र ने नालंदा खुला विश्वविद्यालय से संपर्क किया था।
अनुमति मिलने पर वह परीक्षा में शामिल हुए हैं। इस समय वैश्य अपने परिजनों के साथ पटना के राजेंद्र नगर में रहते हैं।
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