सिंगरौली– मप्र का सिंगरौली जिले की चितरंगी तहसील का गाँव नवानगर और उसमें अपने विक्षिप्त भाई की देखभाल और पालनपोषण करती एक मासूम बालिका आपको दिख जायेगी .ये भाई-बहन 2 वर्ष पूर्व अपने पिता को खो चुके हैं और तीन माह पूर्व इनकी माँ भी गुजर गयी.
प्रकृति के इस भीषण कहर को इस मासूम बालिका ने सहन किया और अपने बड़े लेकिन विक्षिप्त भाई का ध्यान स्वयं रखने लगी.यह बच्ची अपने भाई का भरन-पोषण भीख मांग कर पूरा कर रही है.
इस मासूम उम्र में इस बच्ची ने जिस जिम्मेदारी को अपने ऊपर लिया है वह ऐसी है जो बड़े भी उठाने में कतराते हैं .विक्षिप्त भाई का पालन-पोषण यह इस तरह कर रही है जैसे कोई जिम्मेदार बालिग़ व्यक्ति हो.
यह बच्ची मांग कर जो मिल जाता है उससे अपने विक्षिप्त भाई एवं अपना गुजारा करती है .स्थानीय प्रशासन इस जानकारी से अछूता है जैसा हमेशा होता आया है .शासकीय तंत्र की इन पर नजर नहीं पड़ती और ये मासूम और जरूरतमंद भारतीय नागरिक अपने ही राष्ट्र में शासकीय योजनाओं से वंचित हैं .
सिंगरौली से अमित सिंह परिहार की रिपोर्ट
dharmpath.com dharmpath