उन्होंने कहा कि कोई जातिवादी संतुलन बनाकर मंत्रिमंडल बना रहा है, कोई स्वर्ण जातियों को आकर्षित करने की दृष्टि से धार्मिक उन्माद छेड़ने का प्रयास कर रहा है तो कोई भाईचारा सम्मेलन कर रहा है। लेकिन, रालोद के अलावा कोई भी किसानों की बात नहीं कर रहा है।
डॉ. अहमद ने कहा कि प्रदेश की जनता इन सबके कारनामे देख चुकी है। सपा भाजपा और बसपा के शासन में गरीब, मजदूर और किसान त्रस्त रहा है, केवल इस वर्ग के प्रति घड़ियाली आंसू बहाए गए हैं। जबकि प्रदेश की खुशहाली का सीधा संबंध गरीब, किसान और मजदूर की खुशहाली से है।
रालोद नेता ने कहा कि किसानों को जागरूक करने ओर उनकी समस्याओं का निराकरण कराने के लिए पार्टी ने टीमों का गठन किया है, जिससे प्रदेश को एक खुशहाल प्रदेश बनाया जा सके।
dharmpath.com dharmpath