गाजियाबाद, 19 अगस्त (आईएएनएस)। भाजपा नेता ब्रिजपाल तेवतिया पर जानलेवा हमले के मामले में पुलिस ने यहां शुक्रवार को कम से कम दो और लोगों को गिरफ्तार कर लिया।
इस गिरफ्तारी के साथ ही इस मामले में अबतक कुल छह लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है।
गाजियाबाद के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के.एस. एमानुएल ने बताया कि अभिषेक (22) और गौरव (20) ने अपना गुनाह कबूल कर लिया है।
भाजपा नेता पर हुए हमले में कुल 12 लोग शामिल हैं।
एमानुएल ने कहा कि अभिषेक ने आईएमएस (गाजियाबाद) से बिजनेस एडमिनिस्ट्रेशन (बीबीए) में स्नातक किया है, जबकि गौरव मैट्रिक पास है।
अभिषेक ने अन्य साथी पहलवान के साथ एक बैग में एक एके-47 और चार पिस्तौल लिए हुए था, जिसे उसने हमले के बाद अपने तिपहिया वाहन में रखकर फरार हो गया।
इस मामले में इसके पहले बुधार को गिरफ्तार किए गए अन्य आरोपियों की पहचान राहुल त्यागी (26), राम कुमार (25), निशांत सिंह (25), और जितेंद्र (40) के रूप में हुई है।
पुलिस ने कुल छह पिस्तौल, एक सैमसंग मोबाइल फोन, एक मोटरसाइकिल और गिरफ्तार लोगों के पास से दो हेलमेट भी बरामद किए हैं।
अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने 20 टीमें गठित की थी। इसमें नोएडा, गाजियाबाद और मेरठ के विशेष कार्यबल समूहों से अधिकारी शामिल किए गए हैं।
कुछ टीमें अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए अन्य राज्यों में भी काम कर रही हैं।
अधिकारी ने बताया कि गौरव के साथ एक अन्य वाहन में सवार रहे अन्य आरोपी की का भी पता लगाया जा रहा है।
मेरठ जोन के पुलिस महानिरीक्षक सुजीत पांडे ने यहां मीडिया से कहा कि मुख्य साजिशकर्ता मनीष और मनोज, दोनों गाजियाबाद कवि नगर पुलिस थाने के तहत आने वाले तेवतिया के पैतृक गांव महरौली के रहने वाले चचेरे भाई हैं।
उल्लेखनीय है कि 1999 में राकेश हसनपुरिया का एक साथी सुरेश दीवान, ब्रिजपाल तेवतिया की मुखबिरी की वजह से पुलिस मुठभेड़ में मारा गया था। उसके बाद सुरेश के बेटे मनीष और भतीजे मनोज ने इसका बदला लेने की ठान ली।
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