नई दिल्ली, 24 मार्च (आईएएनएस)। देश की राजधानी में रंगों का त्योहार होली धूमधाम से मनाया जा रहा है। राजधानी में दोपहर तक किसी भी अप्रिय घटना की जानकारी दिल्ली पुलिस ने नहीं दी है।
राजधानी में विभिन्न शहरों के लोग एक दूसरे को रंग व गुलाल से सराबोर करते दिखे। गुरुवार सुबह जैसे ही धूप खिली लोगों ने एक दूसरे पर रंग डालने शुरू कर दिए और एक-दूसरे को मिठाइयां बांटनी शुरू कर दी।
लोगों को ढोलक की थाप पर नाचते-गाते और एक-दूसरे के चेहरे पर गुलाल मलते देखा जा रहा है। होली के दिन एक दूसरे को रंग लगाने की परंपरा है।
अधिकारियों ने बताया कि राष्ट्रीय राजधानी में अब तक किसी भी अवांछित घटना की खबर नहीं मिली है। आतंकी हमले के खतरे की खुफिया सूचना को देखते हुए शहर की पुलिस के अलावा ढाई हजार से अधिक अर्धसैनिक बल के कमांडो तैनात किए गए हैं।
राष्ट्रीय राजधानी के विभिन्न हिस्सों में होली के दौरान स्थिति पर नजर रखने के लिए दिल्ली पुलिस ने 400 टीमें तैनात की हैं।
दिल्ली पुलिस के विशेष आयुक्त मुक्तेश चंदर ने कहा, “दोपहर तक ऐसा कोई मामला सामने नहीं आया है।”
दिल्ली अग्निशमन सेवा को हालांकि राजधानी के विभिन्न इलाकों से मामूली आग की 12 से अधिक शिकायतें मिली हैं।
एक वरिष्ठ दमकल अधिकारी ने आईएएनएस से कहा, “इसके बारे में चिंता करने की कोई बात नहीं है। मामूली घटनाएं घटी हैं, जिन पर निगरानी रखी जा रही है।”
राजधानी में विभिन्न जगहों पर बैरिकेड लगाए गए हैं, साथ ही यातायात कानूनों का उल्लंघन करने वालों तथा समस्या पैदा करने वालों खासकर महिलाओं से बद्तमीजी करने वालों पर निगरानी रखने के लिए यातायात पुलिस के 2,500 कर्मियों को तैनात किया गया है।
दिल्ली में होली के दौरान अबतक शराब पीकर गाड़ी चलाने के 558 मामले दर्ज किए गए हैं। अधिकांश मामले दक्षिणी दिल्ली के हैं।
विशेष पुलिस आयुक्त मुक्तेश चंदर ने आईएएनएस को बताया, “बुधवार देर रात से अब तक हमने शराब पीकर गाड़ी चलाने के 558 मामले दर्ज किए हैं। दक्षिण दिल्ली में सर्वाधिक 264 मामले दर्ज किए गए हैं।”
पुलिस ने बुधवार को लोगों से आग्रह किया था कि होली आनंद और धींगामस्ती का त्योहार है और वे दूसरों की प्रति संवेदनशीलता बरतते हुए त्योहार मनाएं।
अतिथियों का मिठाइयां, विशेष रूप से पारंपरिक मिठाई गुजिया से स्वागत किया जा रहा है।
रंगों से पूरी तरह सराबोर रोहिणी के संगम अपार्टमेंट में रहने वाले 14 वर्षीय रोनित तोमर ने कहा, “इस सुबह का मैं लंबे वक्त से इंतजार कर रहा था। होली में बहुत मजा आ रहा है।”
वह छत से रास्ते में जा रहे लोगों पर रंगों से भरे बैलून फेंक रहा है। जब रंग से भीगने वाल ऊपर की ओर देखता हैं, तो वह चिल्लाता है, ‘बुरा ना मानो होली है।’
कई लोग तो भांग के नशे में टल्ली हैं। लोग एक दूसरे पर रंग और अबीर फेंक रहे हैं और चिल्ला रहे हैं, ‘होली है।’
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