लाहौर, 21 अप्रैल (आईएएनएस)। पाकिस्तान फैशन डिजाइन काउंसिल (पीएफडीसी) की अध्यक्ष सहीर सैगल का कहना है कि पीएफडीसी-द बुलेवार्ड फ्रेंचाइजी भारत में ऑनलाइन माध्यम से अपने कारोबार का विस्तार करने की योजना में है।
लाहौर, 21 अप्रैल (आईएएनएस)। पाकिस्तान फैशन डिजाइन काउंसिल (पीएफडीसी) की अध्यक्ष सहीर सैगल का कहना है कि पीएफडीसी-द बुलेवार्ड फ्रेंचाइजी भारत में ऑनलाइन माध्यम से अपने कारोबार का विस्तार करने की योजना में है।
पीएफडीसी वर्तमान में लाहौर में सनसिल्क फैशन वीक के आठवें संस्करण का आयोजन कर रही है।
भारत में कारोबार विस्तार की योजना पर सहीर ने कहा, “हम कारोबार विस्तार के लिए साझेदार और फ्रेंचाइजी चाहते हैं। मुझे लगता है कि जब तक हमारे देश में कारोबार शुरू नहीं होता। यह मुश्किल है। कुछ कारक कर संरचनाओं से संबंधित हैं और हम संग्रहों को सीधे स्टोर पर नहीं भेज सकते। हमें दुबई के जरिए इन्हें भेजना होगा।”
काउंसिल ने लाहौर में स्टोर खोलने के बाद अपने पीएफडीसी-द बुलेवार्ड फ्रेंचाइजी का विस्तार भारत में किया, जहां पीएफडीसी से जुड़े डिजाइनर ही नहीं, बल्कि ‘रिजवान बेग’, ‘सना सफीनाज’ और ‘आयशा हाशवानी’ जैसे डिजाइनरों के परिधान संग्रह भी पेश हैं।
भारत में सिर्फ एक ‘पीएफडीसी-द बुलेवार्ड’ शोरूम नई दिल्ली में है। इसे 2012 में खोला गया था, जिसके जरिए स्थानीय डिजाइनर भारतीय फैशनपरस्तों के लिए पाकिस्तानी सौंदर्यपरक परिधानों को उपलब्ध करा सकते हैं।
सैगल का कहना है, “वे ऑनलाइन माध्यम से भारतीयों तक पहुंच बनाने की योजना बना रहे हैं। चंडीगढ़ के एक शख्स हमारे सामानों को ऑनलाइन बेचना चाहते हैं।”
उन्होंने कहा, “मेरा मानना है कि पाकिस्तान में महिला को किस तरह दिखना चाहिए, इस पर अधिक ध्यान दिया जाता है। पाकिस्तानी महिलाओं में आकर्षण स्वत: ही आ जाता है। मैं स्वयं भारत से हूं, लेकिन शादी के बाद पाकिस्तान आ गई।”
उन्होंने आगे कहा, “मुझे ऐसा लगता है कि भारत में मानसिकता परंपरागत रूप से अलग है। भारत साड़ी पहनने वाला देश है। इसलिए भारतीयों को पता है कि ब्लाउज की माप और फिटिंग क्या है, लेकिन हमें साड़ी के ब्लाउज बनाने नहीं आते। हमारा सूट सलवार पहनने वाला देश है। भारतीयों को नहीं पता कि सलवार को किस तरह बनाया जाता है।”
फिलहाल, पाकिस्तान के इस्लामाबाद में हर जगह फैशन छाया हुआ है। पीएसएफडब्लू 2015 का चार दिवसीय आयोजन 18 अप्रैल से शुरू हुआ था और यह 21 अप्रैल को समाप्त होगा।
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