नई दिल्ली, 6 मार्च (आईएएनएस)। पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री पी. चिदंबरम ने रविवार को कहा कि उनके बेटे कार्ति के खिलाफ लगाए गए अघोषित संपत्ति के आरोप बेतुके, दुर्भावनापूर्ण एवं पूरी तरह से झूठे हैं। असली निशाना वह हैं।
नई दिल्ली, 6 मार्च (आईएएनएस)। पूर्व केंद्रीय वित्त मंत्री पी. चिदंबरम ने रविवार को कहा कि उनके बेटे कार्ति के खिलाफ लगाए गए अघोषित संपत्ति के आरोप बेतुके, दुर्भावनापूर्ण एवं पूरी तरह से झूठे हैं। असली निशाना वह हैं।
एक बयान में चिदंबरम ने एक खबर का हवाला दिया और कहा कि मुझे फंसाकर बेटे के खिलाफ निराधार एवं बिना विवेक के आरोप लगाए गए हैं। उन्होंने कहा कि यह सर्वविदित है कि यह एक योजनाबद्ध तरीके से गढ़ी गई कहानी है।
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने कहा कि यदि नरेंद्र मोदी सरकार का मानना है कि कार्ति के पास अघोषित संपत्ति है तो वह एक रुपये लेकर वह सारी अघोषित संपत्ति सरकार को हस्तांतरित कर देंगे।
उन्होंने कहा, “मैंने सरकार को कथित अघोषित संपत्तियों की सूची बनाने को कहा है। उन संपत्तियों को सरकार को हस्तांतरित करने के लिए जिस दस्तावेज की भी जरूरत होगी कार्ति चिदंबरम स्वेच्छा से एक रुपये प्रतीकात्मक राशि लेकर दे देंगे। सरकार को उन संपत्तियों का मालिक बनने दें।”
चिदंबरम ने कहा, “कार्ति पुश्तैनी संपत्ति का इंतजाम करने के अलावा कानूनी तरीके से व्यवसाय करते हैं। कई सालों से उनकी आय का आकलन होता रहा है और उन्होंने अपनी सारी संपत्तियां और देनदारियां घोषित कर रखी हैं।
वह हर साल नियमित रूप से आयकर रिटर्न भरते रहे हैं। इसमें संपत्ति और देनदारी का ब्योरा भी होता है। आयकर विभाग वर्ष 2013-14 तक का आकलन कर चुका है।
कार्ति की कहीं भी कोई भी अघोषित संपत्ति नहीं है।
चिदंबरम ने कहा कि वह अपने परिवार के सभी सदस्यों की ओर से यह बयान जारी कर रहे हैं।
उल्लेखनीय है कि संसद में अन्नाद्रमुक के सदस्यों ने एयरसेल-मैक्सिस सौदे का मुद्दा उठाते हुए कार्ति के खिलाफ आरोप लगाया था।
dharmpath.com dharmpath