भारत ने नीदरलैंड संग अग्रिम मूल्य निर्धारण समझौते पर हस्ताक्षर किए

नई दिल्ली, 1 दिसम्बर (आईएएनएस)। भारत ने नीदरलैंड के साथ अपना पहला द्विपक्षीय अग्रिम मूल्य निर्धारण समझौता (एपीएएस) किया है।

वित्त मंत्रालय द्वारा शुक्रवार को जारी बयान में कहा गया है कि दो एपीए इलेक्ट्रॉनिक्स और प्रौद्योगिकी क्षेत्रों से संबंधित हैं।

बयान में कहा गया है, “इन समझौतों पर हस्ताक्षर करने के साथ, केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) में शामिल एपीए की कुल संख्या बढ़कर 186 हो गई है। इसमें 171 एकपक्षीय और 15 द्विपक्षीय एपीए हैं।”

नीदरलैंड के साथ किए गए समझौतों में शामिल लेनदेन में वितरण, विपणन सहायता सेवा प्रावधान, व्यापार सहायता सेवा प्रावधान शामिल हैं।

एपीए प्रावधान 2012 में आयकर अधिनियम में पेश किए गए थे और ‘रोलबैक’ प्रावधान 2014 में पेश किए गए थे।

द्विपक्षीय एपीए में एक रोलबैक विकल्प शामिल है, जो नौ वर्ष तक ऐसे करदाताओं के लिए निश्चितता बढ़ाता है और उन्हें अपने पिछले वर्षों के स्थानांतरण मूल्य निर्धारण स्थिति पर भी आश्वासन प्राप्त करने की अनुमति देता है।

मंत्रालय ने कहा कि इसकी स्थापना के बाद से, एपीए स्कीम को करदाताओं ने अच्छी तरह से स्वीकार किया और इसके परिणामस्वरूप पांच वर्षों में अब तक 800 से अधिक आवेदन (दोनों एकतरफा और द्विपक्षीय) दर्ज किए गए हैं।

विज्ञप्ति में कहा गया है, “एपीए स्कीम की प्रगति गैर-प्रतिकूल कर व्यवस्था को बढ़ावा देने के सरकार के संकल्प को मजबूती देती है। भारतीय एपीए कार्यक्रम को राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर जटिल ट्रांसफर मूल्य निर्धारण मुद्दों को निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से हल करने के लिए सराहा गया है।”

इस सप्ताह की शुरुआत में, सीबीडीटी ने कहा था कि वह पारस्परिक समझौता प्रक्रिया और द्विपक्षीय अग्रिम मूल्य निर्धारण समझौते के लिए स्थानांतरण मूल्य निर्धारण आवेदन स्वीकार करेगा।

About admin


Notice: ob_end_flush(): Failed to send buffer of zlib output compression (0) in /home4/dharmrcw/public_html/wp-includes/functions.php on line 5493