मुंबई, 23 जून (आईएएनएस)। मुंबई से लगभग दो मील की दूरी पर एक कार्गो जहाज में 66 महीनों से फंसे घाना के चार नाविकों को अंतत: बचा लिया गया। वे सभी स्वदेश लौट गए।
मैग्नम वी नामक उनका जहाज मुंबई तट के नजदीक एक छोटे से द्वीप बचर आईलैंड पर फंस गया था। चारों नाविक जहाज पर बेहद कम खाद्य सामग्री, पानी व दवाओं से गुजारा कर रहे थे।
एक अधिकारी ने गुरुवार को कहा कि वे बुधवार रात स्वदेश रवाना हो गए।
अबकाह फ्रांसीस (60), इसा सावुदु (49), इदरिस मोहम्मद (48) तथा मोहम्मद मुस्तफा (38) के पास एक ही मोबाइल फोन था, जिससे वे नेशनल यूनियन ऑफ सीफेयर्स ऑफ इंडिया (एनयूएसआई) तथा जहाज के सियेरा लियोन स्थित जहाज के मुख्यालय के अधिकारियो के संपर्क में थे।
जितने समय तक वे जहाज में फंसे रहे इस दौरान जहाज के मालिक ने उन्हें पूरा वेतन नहीं दिया।
नाविकों ने जहाज को बेचने के लिए एक मामला दायर किया है, ताकि जनवरी 2012 से लेकर अब तक के उनके बकाये वेतन (237,000 डॉलर) का भुगतान हो सके।
समुद्र में फंसे इस जहाज को एलिफैंटा द्वीप या रायगढ़ या अन्य जगहों के पर्यटक देख सकते थे, लेकिन अधिकारियों ने उन्हें बचाने के लिए कुछ नहीं किया।
एनयूएसआई इंटरनेशनल ट्रांसपोर्ट फेडरेशन इंस्पेक्टर लियूस गोम्स ने आईएएनएस से कहा, “एनयूएसआई ने उनके स्वदेश लौटने के लिए हवाई खर्चे का प्रबंध किया। उन्हें मुंबई में एक वेटिंग लॉन्च तक ले जाया गया, जहां से बीती रात वे स्वदेश जाने के लिए विमान पकड़ने को सीधे छत्रपति शिवाजी अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डा पहुंचे।”
dharmpath.com dharmpath