शिमला, 7 अगस्त (आईएएनएस)। हिमाचल प्रदेश ने अपने हरित क्षेत्र को बढ़ाने के लिए 15,000 हेक्टेयर जमीन पर 1 करोड़ पौधों को लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। वन विभाग ने इस अभियान को मेगा माइक्रो-लेवल पब्लिक एफोरेस्टेशन ड्राइव कहा है।
शिमला, 7 अगस्त (आईएएनएस)। हिमाचल प्रदेश ने अपने हरित क्षेत्र को बढ़ाने के लिए 15,000 हेक्टेयर जमीन पर 1 करोड़ पौधों को लगाने का लक्ष्य निर्धारित किया है। वन विभाग ने इस अभियान को मेगा माइक्रो-लेवल पब्लिक एफोरेस्टेशन ड्राइव कहा है।
वन विभाग के एक अधिकारी ने रविवार को बताया, मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने जून माह में बिलासपुर जिले में ‘अर्जुन’ ‘हरद’, और ‘अमला’ जैसे देशी प्रजातियों का पौधारोपण कर इस अभियान का शुभारंभ किया था।
भारतीय वन रिपोर्ट 2015 में कहा गया कि राज्य में वन भूमि में 13 वर्ग किलोमीटर की वृद्धि हुई है और ऐसा वन संपदा के प्रबंधन के सघन प्रयासों की वजह से हुआ है।
यह पहाड़ी राज्य एशिया का पहला कार्बन क्रेडिट कमाने वाला राज्य बन गया है। इसे 1.93 करोड़ रुपये की पहली किस्त प्राप्त हुई है।
कार्बन क्रेडिट ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन को कम करने के लिए एक मार्ग प्रदान करता है।
क्रेडिट मालिक को एक टन कार्बन का उत्पादन करने का अधिकार देता है। यह अंतर्राष्ट्रीय बाजार में वर्तमान कीमतों में खरीदा और बेचा जा सकता है।
इस अभियान के तहत सभी सरकारी स्कूल और 3,000 युवा क्लब 12 अगस्त को अंतर्राष्ट्रीय युवा दिवस की संध्या पर इस पौधारोपण अभियान में भाग लेंगे।
इसी तरह मानसून के दौरान सभी सरकारी संस्थान, गैर सरकारी संगठन (एनजीओ) और लोग वन विभाग के द्वारा इस पौधारोपण अभियान में शामिल होंगे।
इस परियोजना के अंतर्गत 2.40 करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं और 40 करोड़ रुपये इस वनीकरण कार्यक्रम के तहत खर्च किए जाने हैं।
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