नई दिल्ली , 19 अक्टूबर (आईएएनएस)। राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने बुधवार को ओडिशा सरकार को 17 अक्टूबर को भुवनेश्वर के सम अस्पताल में लगी आग में 20 लोगों की मौत को लेकर नोटिस जारी किया है।
इस मुद्दे को संज्ञान में लेते हुए आयोग ने कहा कि सम अस्पताल को साल 2013 के शुरू में सुरक्षा मानकों के पालन नहीं करने को लेकर चेतावनी दी गई थी, लेकिन अस्पताल के अधिकारियों ने इसे नजरअंदाज कर दिया।
आयोग ने इस तथ्य को भी ध्यान में लिया कि ओडिशा के 568 अस्पतालों में से सिर्फ तीन ने अग्नि सुरक्षा जरूरतों की मंजूरी ली है। इसे लेकर आयोग ने राज्य सरकार की कड़ी आलोचना की।
आयोग ने कहा, “प्रशासन का कठोर रवैया और यदि उसकी तरफ से कोई चूक हुई है, तो वह मरीजों के जीवन अधिकार का अतिक्रमण है।”
एनएचआरसी ने कहा, “यह सदमे की बात है कि राज्य के अधिकारियों ने इतनी बड़ी संख्या में अस्पतालों को बिना उचित अग्नि सुरक्षा मंजूरी के कार्य करने की कैसे इजाजत दे दी।”
आयोग ने ओडिशा सरकार को नोटिस जारी किया और छह हफ्तों में मामले पर एक रपट देने को कहा है।
रपट में घायलों और दूसरे परिजनों को दी गई राहत और पुनर्वास को भी शामिल करने को कहा गया है।
आयोग ने सरकार से रपट में यह भी पूछा है कि आगे इस तरह की त्रासदी की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए क्या कदम और सावधानियां रखी जा रही हैं।
सम अस्पताल के डायलिसिस वार्ड के आईसीयू में सोमवार को 20 लोगों की मौत हो गई और 106 लोग घायल हो गए थे। इस 750 बिस्तरों वाले अस्पताल में 25 आईसीयू इकाइयां हैं।
अस्पताल के डायलिसिस वार्ड के ऑपरेशन थियेटर में आग लगने के बाद यह पास के आईसीयू और दूसरी इकाइयों में फैल गई।
मामले में अस्पताल के चार अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया है और मालिक को भी जल्द गिरफ्तार किए जाने की संभावना है।
dharmpath.com dharmpath