नई दिल्ली, 20 अप्रैल (आईएएनएस)। सर्वोच्च न्यायालय ने गुरुवार को नई दिल्ली महानगर परिषद (एनडीएमसी) को प्रतिष्ठित पांच सितारा होटल ताज मानसिंह की संपत्ति बेचने के लिए ई-नीलामी की इजाजत दे दी।
ताज मानसिंह का संचालन इस समय टाटा समूह की इंडिया होटल्स कंपनी लिमिटेड (आईएचसीएल) करती है।
शीर्ष अदालत की न्यायमूर्ति पिनाकी चंद्र घोष और न्यायमूर्ति रोहिंटन फली नरीमन की पीठ ने कहा कि अगर एनडीएमसी ई-नीलामी के जरिए ताज मानसिंह होटल की संपत्ति बेचने में असफल रहती है तो आईएचसीएल के पास इमारत खाली करने के लिए छह महीने का समय है।
अदालत ने कहा कि एनडीएमसी को यह ध्यान रखना होगा कि आईएचसीएल का होटल प्रबंधन के क्षेत्र में बेदाग रिकॉर्ड रहा है।
आईएचसीएल की ओर से वरिष्ठ वकील हरीश साल्वे ने अदालत से कहा कि नीलामी का प्रस्ताव सही नहीं है, क्योंकि उनके पास पट्टे के नवीनीकरण के लिए संविदा की शर्तो के अनुसार निश्चित अधिकर है।
ताज मानसिंह होटल की संपत्ति की नीलामी को न करने का पहला अधिकार होने का दावा करते हुए साल्वे ने कहा कि ‘हमें नवीनीकरण का अवसर मिलना चाहिए, क्योंकि हमारा रिकॉर्ड बेदाग रहा है’।
दिल्ली उच्च न्यायालय ने 27 अक्टूबर, 2016 को होटल की संपत्ति नीलाम करने के खिलाफ दायर आईएचसीएल की याचिका खारिज कर दी थी, जिसके खिलाफ आईएचसीएल ने सर्वोच्च न्यायालय की शरण ली।
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