मुंबई, 25 मई (आईएएनएस)। भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) द्वारा कराए गए 30वें रिनोवेटिव केजेन कांफ्रेंस एंड कंपटीशिन में बेकार हो चुके कबाड़ से बने दोबारा इस्तेमाल करने योग्य डमी विमान ने मुंबई अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डे प्रा. लि. (एमआईएएल) को शीर्ष पुरस्कार दिलाया है।
एमआईएएल के एयरक्राफ्ट रेस्क्यू एंड फायरफाइटिंग (एआरएफएफ) की टीम को खराब सामान से डमी विमान बनाने का विचार आया ताकि छत्रपति शिवाजी महाराज अंतर्राष्ट्रीय हवाईअड्डे पर मार्च में आवश्यक द्विवार्षिक आपात अभ्यास किया जा सके।
प्रवक्ता ने बताया, “हवाईअड्डे पर हुई मॉक ड्रिल के बाद हमे विश्वभर से सराहा जा रहा है। जब इस डमी विमान में आग लगी तो सभी की नजरें इस पर थी। हमने इसे पुरस्कार के लिए भेजे जाने का फैसला किया।”
एमआईएएल की टीम को इस डमी विमान को तैयार करने में दो महीने का समय लगा।
इस विमान को इस तरह से तैयार किया गया कि इसमें आग लगने के बाद भी इसका इस्तेमाल किया जा सके।
वार्षिक सीआईआई रिनोवेटिव केजेन पुरस्कार उन संगठनों को दिया जाता है जिनका कारोबारी प्रक्रियाओं और प्रबंधन में लगातार सुधार करने में योगदान रहा है।
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