शिवपुरी, 1 फरवरी (आईएएनएस)। मध्यप्रदेश के शिवपुरी जिले के कोलारस विधानसभा क्षेत्र में हो रहे उपचुनाव के मद्देनजर यहां आचार संहिता लागू है, मगर लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग ने इसकी परवाह किए बिना नल-जल योजना के लगभग आठ करोड़ रुपये की निविदाएं जारी कर दी हैं। विभाग के अधिकारी ने इसे ‘गंभीर चूक’ माना है।
पीएचई विभाग की ओर से जारी निविदा विभिन्न समाचार पत्रों में प्रकाशित होने के बाद चर्चाओं में आई। जिन क्षेत्रों के लिए नल-जल योजना की निविदा जारी की गई है, उसमें कोलारस विधानसभा के क्षेत्र भी है। उपचुनाव के कारण आचार संहिता लागू है और किसी भी तरह के विकास कार्य की निविदाएं या घोषणाएं चुनाव प्रक्रिया पूरी होने तक नहीं की जा सकतीं।
सूत्रों का कहना है कि कोलारस विधानसभा उपचुनाव में मतदाताओं को लुभाने के लिए कई स्थानों पर विकास और निर्माण कार्य चल रहे हैं। उसी क्रम में पीएचई विभाग ने नल-जल योजना के करीब आठ करोड़ के कार्यो की निविदा जारी कर दी। जिन क्षेत्रों में काम होना है, उनमें कोलारस, बदरवास और रन्नोद क्षेत्र के गांव भी शामिल हैं।
उपचुनाव की आचार संहिता लागू होने के सवाल पर पीएचई के कार्यपालन यंत्री एस.एल. बाथम ने संवाददाताओं से चर्चा करते हुए इसे नियम विरुद्ध माना है और कहा कि निविदा आचार संहिता से पहले जारी की जाना थी, मगर इसके बाद यह निविदा प्रकाशित हुई, इस गलती में सुधार किया जा रहा है।
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