बर्लिन, 12 दिसंबर (आईएएनएस)। बोरूसिया डार्टमंड के मुख्य कोच पीटर स्टोएजेर ने कहा कि उन्हें अपनी टीम के लिए नई तकनीकी प्रणाली बनाने की जरूरत नहीं है, बल्कि खिलाड़ियों को टीम का सही मतलब समझाने की जरूरत है।
पीटर का कहना है कि टीम के खिलाड़ी छोटे-छोटे समूहों में बंट गए हैं और उन समूहों को एक करना है।
समाचार एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, पीटर ने कहा कि यह समस्या थोमस टुचेल के समय से ही चली आ रही है। इसके बाद टीम के कोच बने पीटर बोस्ज ने भी इस समस्या को सुलझाने की कोशिश नहीं की, क्योंकि वह टीम में नई तकनीकी प्रणालियों को लागू करने में उलझे हुए थे। इस कारण वह टीम का विश्वास खो बैठे।
पीटर ने कहा कि उन्होंने डार्टमंड जैसी टीम के साथ कभी काम नहीं किया। इतने सारे खिताब जीतने के बाद पीचर कोलोग्ने से जुड़े और उस क्लब को सेकिंड डिवीजन से निकालकर जर्मन लीग में जगह दिलाई थी।
कोलोग्ने के खेल ने सभी को चौंका दिया और उसका डिफेंस सबसे शानदार था। पीटर ने कहा कि उनकी टीम में डिफेंस की मजबूती बरकरार रही है। यहीं डार्टमंड की टीम पीछे रह गई है।
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