संयुक्त राष्ट्र, 3 मार्च (आईएएनएस)। पूर्वी यूक्रेन में संघर्ष विराम होने के बावजूद पिछले अप्रैल से अब तक मरने वालों की संख्या 6,000 तक पहुंच चुकी है। संयुक्त राष्ट्र के एक प्रवक्ता ने सोमवार को संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार उच्चायुक्त कार्यालय (ओएचसीएचआर) की ताजा रपट के हवाले से यह जानकारी दी।
ओएचसीएचआर ने मानवाधिकार निगरानी मिशन की ताजा रपट में बताया है कि इस अनुमानित आंकड़े में शामिल अधिकतर लोगों की मौतें पूर्वी यूक्रेन में चल रही लड़ाई के कारण हुईं।
संयुक्त राष्ट्र प्रवक्ता स्टीफन दुजारिक ने बताया, “उच्चायुक्त ने कहा है यह आवश्यक है कि सभी पक्ष मिन्स्क समझौते के प्रावधानों के अनुरूप रहें और अंधाधुंध गोलाबारी तथा अन्य युद्धक गतिविधियां रोकी जाएं, जिन्होंने नागरिकों के लिए भयानक स्थिति पैदा कर रखी है।”
बेलारूस की राजधानी मिंस्क में 12 फरवरी को फ्रांस, जर्मनी, रूस और युक्रेन के बीच हुई वार्ता के बाद शांति समझौता हुआ था।
प्रवक्ता ने बताया, “उच्चायुक्त ने कहा है कि यह रपट नागरिक जीवन और बुनियादी ढांचे की बेरहम तबाही की तस्वीर बनाती है, जिसमें महिलाएं, बच्चे और बूढ़े लोग बुरी तरह प्रभावित हुए हैं।”
उहोंने कहा है कि यह ताजा रपट बताती है कि ताजा संघर्ष विराम समझौता, वार्ता सहित कुछ सकारात्मक कार्यो का परिणाम है।
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